नई दिल्ली: दिल्ली में CJP (कॉकरोच जनता पार्टी) के प्रदर्शन के दौरान छात्र प्रदर्शनकारियों पर हुई पुलिस कार्रवाई को चुनौती देने वाली याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने तत्काल सुनवाई से इनकार कर दिया है। सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) सूर्यकांत ने याचिकाकर्ता के वकील से कहा कि अदालत का समय अनावश्यक रूप से बर्बाद न किया जाए।
जब वकील ने अदालत को बताया कि पुलिस कार्रवाई से जुड़े कई वीडियो उपलब्ध हैं, तो CJI सूर्यकांत ने स्पष्ट कहा, “हमें वीडियो में कोई दिलचस्पी नहीं है। हमारे पास वीडियो देखने का समय नहीं है।” इसके साथ ही अदालत ने मामले पर तत्काल सुनवाई की मांग स्वीकार करने से इनकार कर दिया।
क्या है पूरा मामला?
CJP पिछले कई दिनों से NEET और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित पेपर लीक के मुद्दे को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रही है। प्रदर्शन के दौरान संगठन ने शिक्षा व्यवस्था में सुधार, परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी बनाने और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग उठाई। प्रदर्शन के दौरान सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक भी भूख हड़ताल पर बैठे थे। बाद में उनकी तबीयत बिगड़ने पर उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया।
संसद की ओर मार्च के दौरान पुलिस से हुई झड़प
प्रदर्शन के दौरान जब प्रदर्शनकारी संसद की ओर बढ़ने लगे तो पुलिस ने उन्हें रोकने का प्रयास किया। इस दौरान स्थिति तनावपूर्ण हो गई, जिसके बाद पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े और हल्का बल प्रयोग किया। इस घटना में कई प्रदर्शनकारियों के घायल होने की जानकारी सामने आई, जबकि कुछ सुरक्षाकर्मियों को भी चोटें आईं।
सुप्रीम कोर्ट में क्या हुई सुनवाई?
छात्र प्रदर्शनकारियों पर पुलिस कार्रवाई को चुनौती देते हुए सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई थी। याचिकाकर्ता ने मामले की तत्काल सुनवाई की मांग की, लेकिन शीर्ष अदालत ने इसे स्वीकार नहीं किया। सुनवाई के दौरान CJI सूर्यकांत ने अदालत में वीडियो दिखाने की मांग पर भी असहमति जताई और कहा कि अदालत के पास ऐसे वीडियो देखने का समय नहीं है।
विपक्ष ने सरकार पर साधा निशाना
इस मुद्दे को लेकर विपक्ष ने भी केंद्र सरकार पर हमला बोला। कांग्रेस नेता राहुल गांधी और प्रियंका गांधी, समाजवादी पार्टी के अखिलेश यादव और डिंपल यादव, आम आदमी पार्टी की आतिशी, मनीष सिसोदिया और संजय सिंह समेत कई विपक्षी नेता छात्रों के समर्थन में सड़कों पर उतरे और सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया।


