मुजफ्फरपुर: बिहार के मुजफ्फरपुर में 3 जुलाई को हुई एक महिला की संदिग्ध मौत के मामले में पुलिस ने फरार चल रहे उसके पति मनोज कुमार को गिरफ्तार कर लिया है। मनोज कुमार दरभंगा जिले के जाले प्रखंड में ब्लॉक डेवलपमेंट ऑफिसर (BDO) के पद पर कार्यरत हैं। उन पर पत्नी की कथित तौर पर दहेज के लिए हत्या करने का आरोप है। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में आरोपी ने दावा किया कि उसकी पत्नी अमृता ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या की थी। हालांकि, महिला के परिजनों ने इस दावे को सिरे से खारिज करते हुए इसे सुनियोजित हत्या बताया है। अमृता 3 जुलाई को मुजफ्फरपुर के मिठनपुरा स्थित अपने घर में संदिग्ध परिस्थितियों में मृत पाई गई थीं।
मृतका के परिजनों का आरोप है कि शादी के बाद से ही अमृता को दहेज के लिए लगातार प्रताड़ित किया जाता था। उनका कहना है कि मनोज कुमार और उनके परिवार के सदस्य 10 लाख रुपये की अतिरिक्त दहेज की मांग कर रहे थे। इसी संबंध में स्थानीय थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। अमृता की मां ने यह भी आरोप लगाया कि उनकी बेटी की शादी वर्ष 2023 में मनोज कुमार से हुई थी। शादी के कुछ समय बाद ही उसे मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाने लगा। उन्होंने दावा किया कि मनोज कुमार का किसी दूसरी महिला से संबंध था और इसका विरोध करने पर अमृता के साथ मारपीट की जाती थी। परिवार का आरोप है कि इसी साजिश के तहत अमृता को जहर देकर मार दिया गया।
मुजफ्फरपुर के सिटी एसपी मोहिबुल्लाह अंसारी ने बताया कि घटना के बाद आरोपी फरार हो गया था और उसका मोबाइल फोन भी बंद था। पुलिस लगातार छापेमारी कर रही थी, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। फिलहाल पुलिस दहेज प्रताड़ना, कथित हत्या और आरोपी के कथित विवाहेतर संबंध समेत सभी पहलुओं की गहन जांच कर रही है। आरोपी का मोबाइल फोन और घटनास्थल से जुटाए गए साक्ष्य फोरेंसिक जांच के लिए भेज दिए गए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद मौत की वास्तविक वजह और घटना की परिस्थितियां स्पष्ट होने की उम्मीद है।


