उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले के बर्रा-7 इलाके से एक बेहद दर्दनाक और सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां एक नवविवाहित दंपती अपने किराए के मकान में मृत मिला। शुरुआती जांच में पुलिस का मानना है कि पति ने पहले पत्नी की गला घोंटकर हत्या की और इसके बाद खुद फंदे से लटककर आत्महत्या कर ली। घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है।
तीन साल के प्रेम संबंध के बाद किया था कोर्ट मैरिज
मृतक सौरभ सविता (23) और शालिनी उर्फ रानी (20) रिश्ते में चचेरे भाई-बहन थे। दोनों के बीच करीब तीन वर्षों से प्रेम संबंध था। इस रिश्ते का दोनों परिवार लगातार विरोध कर रहे थे, जिसके चलते कई बार विवाद भी हुआ। करीब चार महीने पहले दोनों को एक साथ देखे जाने पर मामला पुलिस तक पहुंच गया था। दोनों बालिग होने के कारण पुलिस ने समझाइश देकर उन्हें घर भेज दिया। हालांकि, अगले ही दिन दोनों ने परिवार की मर्जी के खिलाफ कोर्ट मैरिज कर ली और दिल्ली जाकर रहने लगे।
पांच दिन पहले दिल्ली से लौटे थे कानपुर
परिजनों के अनुसार, शादी के बाद दोनों दिल्ली में रह रहे थे। करीब पांच दिन पहले वे कानपुर लौटे और बर्रा-7 इलाके में किराए का कमरा लेकर रहने लगे। शालिनी ने अपने परिवार को बताया था कि उसकी तबीयत ठीक नहीं है, इसलिए वह वापस आई है।
रोशनदान से दिखा फंदे पर लटका शव
मंगलवार दोपहर पहली मंजिल पर रहने वाली महिला नीलम छत पर कपड़े सुखाने जा रही थीं। इसी दौरान उन्होंने रोशनदान से दूसरी मंजिल के कमरे में सौरभ को फंदे से लटका देखा। उन्होंने तुरंत मकान मालिक को सूचना दी, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची। कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था। पुलिस ने दरवाजा तोड़कर अंदर प्रवेश किया तो चटाई पर शालिनी का शव पड़ा मिला। उसकी गर्दन पर कपड़े से गला कसने के निशान थे, जबकि सौरभ का शव फंदे से लटका हुआ था।
पुलिस का क्या कहना है?
मौके की परिस्थितियों और शुरुआती जांच के आधार पर पुलिस का कहना है कि सौरभ ने पहले शालिनी की गला घोंटकर हत्या की और फिर आत्महत्या कर ली। हालांकि, मौत की असली वजह का पता लगाने के लिए हर पहलू से जांच की जा रही है। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस दोनों के मोबाइल फोन, कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) और सोशल मीडिया अकाउंट की जांच कर रही है। साथ ही परिजनों और परिचितों से भी पूछताछ की जा रही है।
डेढ़ घंटे पहले हुई थी सामान्य बातचीत
शालिनी के माता-पिता ने पुलिस को बताया कि मंगलवार दोपहर करीब 1:30 बजे उनकी बेटी और दामाद से फोन पर बात हुई थी। बातचीत पूरी तरह सामान्य थी और किसी तरह के तनाव का आभास नहीं हुआ था। ऐसे में परिवार यह समझ नहीं पा रहा कि महज डेढ़ घंटे के भीतर ऐसा क्या हुआ कि मामला हत्या और आत्महत्या तक पहुंच गया।
सौरभ के परिवार से कोई नहीं पहुंचा
पुलिस को कमरे में मिले एक रजिस्टर से शालिनी के मौसा कृष्ण कुमार सविता का मोबाइल नंबर मिला। सूचना मिलने पर वह मौके पर पहुंचे और शालिनी के परिजनों को घटना की जानकारी दी। वहीं, सूचना दिए जाने के बावजूद देर शाम तक सौरभ के परिवार का कोई सदस्य मौके पर नहीं पहुंचा।
जांच जारी, पुलिस तलाश रही वजह
फिलहाल पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट और डिजिटल साक्ष्यों का इंतजार कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि इस दर्दनाक घटना के पीछे पारिवारिक तनाव, मानसिक दबाव या कोई अन्य कारण जिम्मेदार था।


