पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता के चोरबागान सार्वजनिक दुर्गा पूजा पंडाल में हुए दर्दनाक हादसे के बाद केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बड़ा फैसला लिया है। हादसे में 17 लोगों की मौत और करीब 35 लोगों के घायल होने की खबर है। घटना के मद्देनजर अमित शाह ने पश्चिम बंगाल में रविवार के लिए निर्धारित अपने सभी कार्यक्रम रद्द कर दिए हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी से फोन पर बातचीत कर घटना की जानकारी ली और मृतकों के प्रति शोक संवेदना व्यक्त की।
अमित शाह ने X पर पोस्ट कर जताया दुख
कोलकाता के चोरबागान दुर्गा पूजा पंडाल में हुए हादसे पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने गहरा दुख जताया। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट साझा कर मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की। अमित शाह ने अपने संदेश में कहा कि उन्हें चोरबागान सार्वजनिक दुर्गा पूजा पंडाल में हुई भगदड़ की दुखद खबर मिली है। इस संबंध में उन्होंने मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी से भी बात की है। गृह मंत्री ने कहा कि हादसे में जान गंवाने वाले श्रद्धालुओं की आत्मा की शांति के लिए वह प्रार्थना करते हैं। साथ ही, उन्होंने भरोसा जताया कि प्रशासन घायलों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए जरूरी कदम उठा रहा है। अमित शाह ने यह भी घोषणा की कि वह पश्चिम बंगाल में अपने निर्धारित कार्यक्रम स्थगित कर अस्पताल जाएंगे और हादसे में घायल लोगों से मुलाकात करेंगे।
दुर्गा पूजा पंडाल का हिस्सा गिरने से 17 लोगों की मौत
जानकारी के मुताबिक, कोलकाता के चोरबागान इलाके में शनिवार शाम करीब 7:40 बजे दुर्गा पूजा पंडाल में हादसा हुआ। इस दौरान पंडाल का एक हिस्सा टूटकर गिर गया, जिससे वहां मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। इस दुर्घटना में 17 लोगों की मौत होने की खबर है, जबकि करीब 35 लोग घायल बताए जा रहे हैं। घायलों को उपचार के लिए तीन अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। घटना के बाद स्थानीय प्रशासन और पुलिस की भूमिका के साथ-साथ पंडाल में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। हादसे के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए जांच की प्रक्रिया शुरू करने की बात कही गई है।
मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने जताया शोक
पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने भी इस घटना पर दुख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि यह बेहद दुखद हादसा है, जिसमें 17 लोगों की जान चली गई। मुख्यमंत्री के मुताबिक, पूजा आयोजक क्लब की ओर से घोषणा किए जाने के बाद मौके पर भगदड़ जैसी स्थिति पैदा हो गई थी। उन्होंने कहा कि फिलहाल सरकार की प्राथमिकता पीड़ित परिवारों की मदद करना और घायलों को उचित इलाज उपलब्ध कराना है। शुभेंदु अधिकारी ने सभी दुर्गा पूजा समितियों से अपील की कि वे पुलिस प्रशासन के साथ बेहतर तालमेल बनाकर रखें। उन्होंने विशेष रूप से पंडालों में भीड़ प्रबंधन और सुरक्षित निकास मार्गों की व्यवस्था सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
फॉरेंसिक जांच से सामने आएगी हादसे की वजह
मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि चोरबागान हादसे की वास्तविक वजह का पता लगाने के लिए जांच कराई जाएगी। उन्होंने थीम आधारित दुर्गा पूजा पंडालों में सुरक्षा और रोशनी की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया। उन्होंने बताया कि जांच टीम यह पता लगाने का प्रयास करेगी कि हादसा किन परिस्थितियों में हुआ। साथ ही, कोलकाता पुलिस को निजी सुरक्षा कर्मियों और पूजा आयोजकों के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। मामले की फॉरेंसिक जांच भी कराई जाएगी, ताकि दुर्घटना से जुड़े तथ्यों और संभावित लापरवाही का पता लगाया जा सके। जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।


