आगर मालवा। मध्य प्रदेश के आगर मालवा जिले से नकली नोटों के अवैध कारोबार का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। जिले की नलखेड़ा थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए नकली नोट तैयार करने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जो कथित तौर पर कृषि सेवा केंद्र की आड़ में जाली नोट छापने का अवैध धंधा चला रहे थे। फिलहाल पुलिस मामले की गहन जांच में जुटी हुई है और गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की तलाश जारी है।
कृषि सेवा केंद्र में चल रहा था नकली नोटों का कारोबार
पुलिस को मुखबिर के जरिए सूचना मिली थी कि नलखेड़ा बस स्टैंड स्थित एक कृषि सेवा केंद्र में नकली नोट तैयार किए जा रहे हैं। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने तत्काल छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने मौके से नरेंद्र सिंह सौंधिया और शुभम सोलंकी को हिरासत में लिया।तलाशी के दौरान आरोपियों के पास से 500 रुपये के कुल 115 नकली नोट बरामद किए गए, जिनकी कुल कीमत 57,500 रुपये बताई गई है। इसके अलावा रंगीन प्रिंटर, पेपर कटर और नकली नोट तैयार करने में इस्तेमाल होने वाले अन्य उपकरण भी जब्त किए गए हैं।
यूट्यूब देखकर सीखा नकली नोट बनाना
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि उन्होंने यूट्यूब वीडियो देखकर नकली नोट बनाने की तकनीक सीखी थी। आरोपी पहले असली 500 रुपये के नोट को स्कैन करते थे, फिर रंगीन प्रिंटर की मदद से उसकी कॉपी निकालकर कटर से काटते थे, ताकि वह असली नोट जैसा दिखाई दे।जांच के दौरान पुलिस ने पाया कि कई नकली नोटों के सीरियल नंबर एक समान थे, जिससे उनके जाली होने की पुष्टि हुई। पुलिस ने मौके से बरामद सभी सामग्री को जब्त कर लिया है।
आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज, जांच जारी
नलखेड़ा थाना प्रभारी के अनुसार, दोनों आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 178(3)(5) के तहत मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस अब यह जांच कर रही है कि आरोपियों ने अब तक कितने नकली नोट बाजार में खपाए हैं और इस पूरे नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं।


