ओमान के समुद्री क्षेत्र में लगातार घटनाएं, अब MT Jalveer को लेकर सामने आई बड़ी जानकारी
ओमान के शिनास बंदरगाह के पास भारत से जुड़े मर्चेंट जहाज़ MT Jalveer से संबंधित एक घटना सामने आई है। जहाज़ पर 20 से अधिक नाविक सवार बताए जा रहे हैं। घटना के बाद ओमान स्थित भारतीय दूतावास ने कहा कि वह स्थानीय अधिकारियों के संपर्क में है और पूरे मामले पर करीबी नजर रखी जा रही है। दूतावास ने जारी बयान में कहा, “हमें शिनास बंदरगाह के पास एक जहाज़ से जुड़ी घटना की जानकारी मिली है। हम स्थानीय प्रशासन के साथ समन्वय बनाए हुए हैं और स्थिति पर लगातार निगरानी रख रहे हैं।”
MT Jalveer को लेकर क्या जानकारी सामने आई?
विभिन्न मीडिया रिपोर्टों में जहाज़ की पहचान MT Jalveer के रूप में की गई है। हालांकि, अधिकारियों की ओर से अभी तक घटना की प्रकृति, संभावित नुकसान या किसी के हताहत होने को लेकर आधिकारिक जानकारी साझा नहीं की गई है। यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब पिछले कुछ दिनों में ओमान के आसपास समुद्री क्षेत्र में कई सुरक्षा संबंधी घटनाएं दर्ज की गई हैं।
पिछले दिनों सामने आईं समुद्री घटनाएं
1. MT Marivex में आग लगने की घटना8 जून को टैंकर MT Marivex में संदिग्ध हमले के बाद आग लगने की खबर सामने आई थी। समुद्री सुरक्षा सूत्रों के अनुसार, जहाज़ पर मौजूद सभी 24 भारतीय क्रू सदस्य सुरक्षित रहे थे।
2. MT Setebello पर हमला
10 जून को ओमान की खाड़ी में MT Setebello नामक टैंकर को निशाना बनाए जाने की सूचना मिली थी। जहाज़ पर 24 भारतीय नाविक सवार थे। केंद्रीय मंत्री Sarbananda Sonowal के अनुसार, 21 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया था, जबकि बाद में तीन भारतीय नाविकों की मौत की पुष्टि हुई।
भारत की प्रतिक्रिया
MT Setebello से जुड़ी घटना के बाद भारत ने कड़ा राजनयिक रुख अपनाया। विदेश मंत्रालय ने भारतीय नागरिकों की सुरक्षा को लेकर चिंता व्यक्त की और घटना की निंदा की। साथ ही, भारत में मौजूद अमेरिकी राजनयिक से भी इस मामले पर स्पष्टीकरण मांगा गया।
अमेरिका का पक्ष
अमेरिकी अधिकारियों ने दावा किया कि संबंधित कार्रवाई एक विशेष समुद्री अभियान का हिस्सा थी। अमेरिकी सैन्य अधिकारियों के अनुसार, जहाज़ ने कथित तौर पर दिए गए निर्देशों का पालन नहीं किया था, जिसके बाद कार्रवाई की गई। हालांकि, इस मामले को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बहस जारी है और विभिन्न पक्षों के दावों की स्वतंत्र जांच की मांग भी उठ रही है।


