महिलाओं को आगे कर चल रहा था शराब का धंधा, पटना रेल पुलिस की बड़ी कार्रवाई
पटना: बिहार में लागू पूर्ण शराबबंदी के बावजूद शराब माफिया नए-नए तरीके अपनाकर तस्करी को अंजाम दे रहे हैं। ताजा मामले में पटना रेल पुलिस ने एक अंतरजिला शराब तस्करी गिरोह का पर्दाफाश किया है, जो महिलाओं और युवतियों को मोहरे की तरह इस्तेमाल कर ट्रेन के जरिए शराब की ढुलाई कर रहा था। इस गिरोह में ट्रेन का कोच अटेंडेंट भी शामिल था।रेल पुलिस ने सीमांचल एक्सप्रेस में छापेमारी कर 11 महिलाओं समेत कुल 14 लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों के पास से करीब 95 लीटर विदेशी शराब, 40 हजार रुपये नकद, 6 स्मार्टफोन और 5 कीपैड मोबाइल बरामद किए गए हैं।
कोच अटेंडेंट की मिलीभगत उजागर
पाटलिपुत्र स्टेशन पर की गई इस कार्रवाई में सीमांचल एक्सप्रेस के कोच अटेंडेंट निखिल कुमार को भी दबोचा गया। रेल एसपी अनंत कुमार राय के निर्देश पर दानापुर रेल डीएसपी कंचन राज की अगुवाई में ट्रेन की सघन तलाशी ली गई थी। जांच में सामने आया कि कोच अटेंडेंट हर खेप में 2000 रुपये लेकर तस्करों को सहयोग करता था और शराब को अपने पास भी छिपाकर रखता था।
महिलाओं को आगे कर चल रहा था खेल
गिरफ्तार की गई 11 महिलाओं में से कई पहले भी शराब तस्करी के मामलों में जेल जा चुकी हैं। पुलिस के अनुसार, इनमें से 7 महिलाएं पूर्व में भी गिरफ्तार हो चुकी हैं, जबकि एक युवती पहले पुलिस को धक्का देकर फरार हो गई थी। हर सफर में महिलाओं को 2000 रुपये दिए जाते थे। ये महिलाएं जनरल बोगी का टिकट लेकर यात्रा करती थीं और तस्कर उनके आसपास मौजूद रहते थे। शराब यूपी के दिलदारनगर से लाई जा रही थी, जिसे पाटलिपुत्र जंक्शन या दानापुर स्टेशन पर उतार लिया जाता था।
पुलिस को गुमराह करने की कोशिश
पकड़े जाने पर महिलाओं ने गंगा स्नान और माघी पूर्णिमा स्नान की बात कहकर पुलिस को बहकाने की कोशिश की, लेकिन जब उनके झोले और सामान की जांच हुई तो सारा खेल सामने आ गया। फिलहाल सभी आरोपियों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया है। जब्त मोबाइल फोन की कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) के जरिए पुलिस अब इस गिरोह के पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुटी है।


