छह दिन बाद टूटा धरना, पुल निर्माण को लेकर प्रशासन ने दिया भरोसा
खेरागढ़। पार्वती नदी पर पुल निर्माण की मांग को लेकर दनकसा समेत आसपास के गांवों के ग्रामीण पिछले छह दिनों से धरना दे रहे थे। मंगलवार को नगर पालिका चेयरमैन सुधीर गर्ग गुड्डू और एसडीएम ऋषि राव के धरना स्थल पर पहुंचकर संबंधित विभाग को प्रस्ताव भेजने और पुल निर्माण के लिए शीघ्र वित्तीय स्वीकृति दिलाने का आश्वासन देने के बाद ग्रामीणों ने धरना समाप्त कर दिया। हालांकि ग्रामीणों ने साफ किया है कि यदि एक सप्ताह के भीतर स्वीकृति नहीं मिली तो वे तहसील कार्यालय पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू करेंगे।
राजस्थान सीमा से सटे पार्वती नदी के उस पार बसे गांवों के लोग कई दशकों से पुल निर्माण की मांग कर रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि पुल न होने के कारण उन्हें रोजमर्रा की जरूरतों, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के लिए भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। लंबे समय से शासन-प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से गुहार लगाने के बावजूद जब कोई ठोस पहल नहीं हुई, तो 18 दिसंबर से दनकसा गांव के ग्रामीण नदी किनारे टेंट लगाकर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए थे।
धरने में आसपास के कई गांवों के लोग भी शामिल हो गए। कड़ाके की ठंड और घने कोहरे के बावजूद ग्रामीण रात-दिन धरना देते रहे। मंगलवार शाम करीब पांच बजे चेयरमैन और एसडीएम के मौके पर पहुंचने के बाद पुल निर्माण को लेकर सकारात्मक पहल का भरोसा दिलाया गया, जिसके बाद ग्रामीणों ने फिलहाल आंदोलन स्थगित कर दिया। धरना स्थल पर बबलू प्रधान, रिंकू शर्मा, मनीष सिकरवार, पप्पू सिकरवार, कम्पोटर सिंह, सौरभ उपाध्याय, एतन सिंह, अंकित सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।


