BJP की BMC लिस्ट पर बवाल, राहुल नार्वेकर के भाई-भाभी को मिला टिकट

बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) चुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने अपने उम्मीदवारों की पहली सूची जारी कर दी है। इस सूची में 66 प्रत्याशियों के नाम हैं, लेकिन सबसे ज़्यादा चर्चा महाराष्ट्र विधानसभा के स्पीकर राहुल नार्वेकर के परिवार को मिले टिकट को लेकर हो रही है। बीजेपी ने साउथ मुंबई के कोलाबा इलाके से राहुल नार्वेकर के भाई मकरंद नार्वेकर को वार्ड नंबर 226 से मैदान में उतारा है। वहीं, वार्ड नंबर 227 से उनकी भाभी हर्षिता नार्वेकर को टिकट दिया गया है। एक ही परिवार के दो सदस्यों को टिकट मिलने पर राजनीतिक गलियारों में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं।
किरीट सोमैया के बेटे को भी मौका
बीजेपी की इस सूची में एक और चर्चित नाम शामिल है। पार्टी ने दिग्गज नेता किरीट सोमैया के बेटे नील सोमैया को भी उम्मीदवार बनाया है। नील मुलुंड पश्चिम के वार्ड नंबर 107 से चुनावी मैदान में उतरेंगे।
कोलाबा से विधायक हैं राहुल नार्वेकर
राहुल नार्वेकर मुंबई की कोलाबा विधानसभा सीट से विधायक हैं। उनका राजनीतिक सफर कई मोड़ों से गुज़रा है। वे पहले शिवसेना में थे, लेकिन 2014 के लोकसभा चुनाव में टिकट न मिलने के बाद उन्होंने राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी का दामन थामा। हालांकि, मावल सीट से उन्हें हार का सामना करना पड़ा, इसके बावजूद पार्टी में उनकी अहमियत बनी रही और बाद में उन्हें विधानसभा स्पीकर की ज़िम्मेदारी सौंपी गई।
टिकट बंटवारे से महाराष्ट्र की राजनीति में हलचल
निकाय चुनावों को लेकर बीजेपी और शिवसेना ने कई जगहों पर गठबंधन बनाए रखा है, जबकि अजित पवार अलग राह पर चुनाव लड़ रहे हैं। कुछ सीटों पर उन्होंने शरद पवार गुट के साथ तालमेल भी किया है। इससे पहले अजित पवार की एनसीपी ने भी अपने उम्मीदवारों की सूची जारी की थी, जिसमें बड़ी संख्या में मुस्लिम प्रत्याशियों को टिकट मिलने पर पार्टी के अंदर नाराजगी देखने को मिल रही है। कई कार्यकर्ता नवाब मलिक को लेकर असंतुष्ट बताए जा रहे हैं। उधर, बीजेपी के भीतर भी टिकट वितरण को लेकर असहजता की खबरें सामने आ रही हैं।
पुणे में कांग्रेस–उद्धव गुट की सियासी साझेदारी
पुणे में उद्धव ठाकरे गुट और कांग्रेस के बीच गठबंधन की औपचारिक घोषणा हो चुकी है। दोनों दल मिलकर पुणे म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन का चुनाव लड़ेंगे। कुल 160 सीटों में से 60 सीटों पर कांग्रेस और 45 सीटों पर उद्धव गुट उम्मीदवार उतारेगा, जबकि बाकी सीटों पर बातचीत जारी रहेगी।


