संसद के बजट सत्र के 11वें दिन लोकसभा में बजट पर चर्चा के दौरान विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने सरकार की आर्थिक नीतियों और भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को लेकर तीखा हमला बोला। उन्होंने अपने भाषण की शुरुआत मार्शल आर्ट में “ग्रिप” और “चोक” की अवधारणा से करते हुए कहा कि राजनीति में भी एक अदृश्य ग्रिप होती है, जो जनता को महसूस होती है, भले दिखाई न दे।
भारत-अमेरिका ट्रेड डील पर सवाल
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि अमेरिका के साथ हुई ट्रेड डील बराबरी की शर्तों पर नहीं है और इससे भारतीय किसानों के हितों को गंभीर नुकसान हुआ है। उन्होंने कहा कि इस समझौते में भारतीय उत्पादों पर टैरिफ बढ़ाया गया है, जबकि अमेरिकी आयात पर शुल्क कम कर दिया गया है। उनका दावा था कि सरकार ने इस डील के जरिए देश के हितों से समझौता किया है।
उद्योगपतियों और ‘एपस्टीन’ टिप्पणी पर हंगामा
भाषण के दौरान राहुल गांधी ने उद्योगपति अनिल अंबानी का जिक्र करते हुए सवाल उठाया कि वे जेल में क्यों नहीं हैं। इसी क्रम में उन्होंने ‘एपस्टीन’ शब्द का उल्लेख किया, जिसके बाद सदन में जोरदार हंगामा हुआ।
डेटा और AI को बताया भविष्य की सबसे बड़ी चुनौती
राहुल गांधी ने कहा कि आज की दुनिया में सबसे कीमती संपत्ति डेटा है और भारत के पास सबसे ज्यादा डेटा मौजूद है। उन्होंने चेतावनी दी कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के तेजी से बढ़ते प्रभाव से हजारों सॉफ्टवेयर इंजीनियरों की नौकरियां खतरे में पड़ सकती हैं, लेकिन बजट में इस चुनौती से निपटने के लिए कोई ठोस योजना नजर नहीं आती।
‘मुझे क्रिएटिव फ्रीडम मिलनी चाहिए’
उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें संसद में अपनी बात रखने की पूरी स्वतंत्रता मिलनी चाहिए। यह टिप्पणी ऐसे समय आई है, जब पहले उन्हें पूर्व सेना प्रमुख की अप्रकाशित यादों का हवाला देने की अनुमति नहीं दी गई थी।
दूसरी ओर, संसदीय कार्य मंत्री किरण रिजिजू ने कांग्रेस सांसदों पर स्पीकर के साथ बदसलूकी और गाली-गलौज करने का आरोप लगाया। रिजिजू ने दावा किया कि कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अपने सांसदों को उकसा रहे हैं, जिससे सदन की मर्यादा को ठेस पहुंच रही है।


