संदिग्ध खाद्य पदार्थ मामले में सुंदरगढ़ में धारा 163 लागू, इंटरनेट सेवाएं निलंबित
सुंदरगढ़ में तनाव के बीच प्रशासन की अपील—अफवाहों से बचें, शांति बनाए रखें
ओडिशा के सुंदरगढ़ में एक घर से जुड़े संदिग्ध खाद्य पदार्थ के मामले के बाद उपजे तनाव को देखते हुए जिला प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाए हैं। हालात को काबू में रखने के लिए गुरुवार शाम 6 बजे से पूरे शहर में 24 घंटे के लिए इंटरनेट सेवाएं निलंबित कर दी गई हैं। साथ ही, सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से बीएनएस की धारा 163 लागू कर दी गई है।
“स्थिति नियंत्रण में है”—जिलापाल
जिलापाल शुभंकर मोहपात्रा ने बताया कि मुख्य बाजार में हुई झड़प फिलहाल शांत हो चुकी है और क्षेत्र में कड़ी निगरानी रखी जा रही है। पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती की गई है और पूरे शहर में धारा 163 के प्रावधानों को लागू करने की प्रक्रिया चल रही है। उन्होंने नागरिकों से अफवाहों से दूर रहने, शांति बनाए रखने और प्रशासन का सहयोग करने की अपील की।
तोड़फोड़ और आगजनी की घटना
सूत्रों के मुताबिक, रीजेंट मार्केट क्षेत्र में एक समुदाय की उग्र भीड़ ने नारी कल्याण केंद्र के पास स्थित एक मकान में तोड़फोड़ की। इस दौरान एक पिकअप वैन में आग लगा दी गई, जबकि एक कार और एक स्कूटी को भी नुकसान पहुंचा। सूचना मिलते ही पुलिस व प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और हालात पर नियंत्रण पाया। एहतियात के तौर पर अतिरिक्त बल तैनात कर दिया गया है।
डीआईजी का बयान
डीआईजी ब्रजेश राय ने कहा कि संदिग्ध खाद्य पदार्थ की सूचना के बाद मुख्य बाजार में तनाव बढ़ा। पुलिस अधिकारियों ने तुरंत हस्तक्षेप किया और दोनों पक्षों से संवाद की कोशिश की। हालांकि, बातचीत के दौरान फिर से पथराव शुरू हो गया, जिसे नियंत्रित कर लिया गया। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में 10 प्लाटून फोर्स तैनात है और शांति समिति की बैठक बुलाकर समाधान निकालने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन ने दोहराया है कि ओडिशा के इस शहर में स्थिति स्थिर है और जल्द ही सामान्य हालात बहाल होने की उम्मीद है। नागरिकों से कानून-व्यवस्था में सहयोग करने और किसी भी भ्रामक सूचना पर ध्यान न देने का आग्रह किया गया है।


