आगरा। जिला पंचायत कार्यालय में सोमवार को आयोजित बोर्ड बैठक में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 59 करोड़ रुपये के अनुमानित बजट को सर्वसम्मति से पारित कर दिया गया। बैठक की अध्यक्षता जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. मंजू भदौरिया ने की। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी प्रतिभा सिंह, अपर मुख्य अधिकारी उमेश चंद्र सहित सभी जिला पंचायत सदस्य मौजूद रहे। बजट पारित होने के बाद अध्यक्ष डॉ. मंजू भदौरिया ने कहा कि यह बजट अन्त्योदय की भावना पर आधारित है, जिसमें गाँव, किसान, गरीब, महिलाएँ और युवाओं के सर्वांगीण विकास को प्राथमिकता दी गई है। उन्होंने कहा कि “विकसित गाँव ही विकसित देश की नींव होते हैं और यह बजट ग्रामीण क्षेत्रों के समग्र विकास को नई गति देगा।”

युवाओं, खेल और बच्चों के लिए विशेष प्रावधान
ग्रामीण युवाओं को खेल गतिविधियों से जोड़ने के उद्देश्य से मिनी स्टेडियमों के निर्माण हेतु 3 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। वहीं ग्राम पंचायत स्तर पर चिल्ड्रन पार्कों के निर्माण के लिए 4 करोड़ रुपये का बजट रखा गया है। जिला पंचायत की खाली भूमि पर रेस्ट हाउस निर्माण के लिए 1.5 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
स्वच्छता, जल संरक्षण और आयवृद्धि पर जोर
स्वच्छता एवं आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने के लिए सार्वजनिक शौचालयों और नाली निर्माण पर 7 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। गिरते भूजल स्तर को देखते हुए नए जलाशयों के निर्माण, पुराने तालाबों के गहरीकरण और सौंदर्यीकरण के लिए 4 करोड़ रुपये का बजट पारित किया गया है। जिला पंचायत की आय बढ़ाने के उद्देश्य से खाली भूमि पर दुकानों के निर्माण हेतु भी 1.5 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं।
सड़क, स्मार्ट विलेज और पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
ग्रामीण क्षेत्रों में आवागमन को बेहतर बनाने के लिए नई सड़कों के निर्माण, लेपन और मरम्मत कार्यों पर 8 करोड़ रुपये खर्च होंगे, जबकि आरसीसी खरंजा एवं इंटरलॉकिंग कार्यों के लिए 14 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। स्मार्ट विलेज योजना के अंतर्गत प्रत्येक ब्लॉक में एक स्मार्ट गाँव विकसित करने के लिए 7.5 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं।
सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए बटेश्वर मेले को ताज महोत्सव की तर्ज पर आयोजित करने का निर्णय लिया गया है, जिसके लिए आवश्यक बजट का प्रावधान किया गया है।
अन्य प्रमुख मदें
रामायण वाटिका और नंदन क्रीडास्थल निर्माण के लिए 1 करोड़ रुपये, खेल सामग्री एवं प्रतियोगिताओं के आयोजन हेतु 30 लाख रुपये, विज्ञापन मद में 20 लाख रुपये, आपदा राहत एवं आकस्मिक व्यय के लिए 20 लाख रुपये तथा वृक्षारोपण एवं ट्री गार्ड के लिए 10 लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं। कर्मचारियों के वेतन, भत्ते और पेंशन के लिए 6 करोड़ रुपये का बजट भी पारित किया गया। बैठक में ग्रामीण विकास को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाने के उद्देश्य से मनरेगा के स्थान पर वीवीजी राम जी अधिनियम लागू किए जाने के समर्थन में सदन द्वारा धन्यवाद प्रस्ताव भी पारित किया गया।


