आगरा में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) का दूसरा चरण आरंभ हो गया है। इस चरण के तहत मतदाता सूची में नाम जुड़वाने की अंतिम तिथि 6 फरवरी तय की गई है, जबकि जारी नोटिसों का जवाब 27 फरवरी तक दिया जा सकता है। इसी क्रम में रविवार को जिले के सभी मतदान केंद्रों पर विशेष अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) ने मतदान केंद्रों पर मृतक, अनुपस्थित और स्थानांतरित मतदाताओं की सूची सार्वजनिक रूप से पढ़कर सुनाई। नौ विधानसभा क्षेत्रों में पहले कुल 36 लाख मतदाता पंजीकृत थे, लेकिन एसआईआर प्रक्रिया के बाद 8.36 लाख नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए हैं। इनमें से 3.25 लाख मतदाताओं का रिकॉर्ड वर्ष 2003 की सूची से मेल नहीं खा सका।
हटाए गए नामों में लगभग तीन लाख अनुपस्थित और तीन लाख स्थानांतरित मतदाता शामिल हैं। इसके अलावा करीब एक लाख नाम डुप्लीकेट पाए गए, जबकि एक लाख से अधिक मतदाता मृत घोषित किए गए हैं। अधिकारियों का मानना है कि इनमें बड़ी संख्या ऐसे मतदाताओं की भी हो सकती है, जिनके गणना फॉर्म समय पर जमा नहीं हो पाए, जिससे उनके नाम सूची से हट गए। ऐसे मतदाताओं को राहत देते हुए निर्वाचन विभाग ने 6 फरवरी तक दावे और आपत्तियां दर्ज करने का अवसर दिया है। नाम दोबारा जुड़वाने के लिए फॉर्म-6 भरा जा सकता है। रविवार को सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक चले विशेष अभियान में फॉर्म 6, 7 और 8 जमा किए गए।
एसआईआर के अंतर्गत मतदान केंद्रों की संख्या भी बढ़ाई गई है, जो पहले 3,696 थी और अब 3,932 हो गई है। प्रत्येक बूथ पर बीएलओ ने भाग संख्या के अनुसार हटाए गए मतदाताओं की सूची पढ़कर उनके नाम पुकारे। जिला निर्वाचन अधिकारी अरविंद बंगारी के अनुसार, नोटिस का जवाब देने के लिए मतदाताओं को कुल 50 दिन का समय दिया गया है। वे 27 फरवरी तक अपने पक्ष में आवश्यक साक्ष्य प्रस्तुत कर सकते हैं। अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन 6 मार्च को किया जाएगा।


