ओवरलोड बस बनी मौत का कारण, हरिपुरधार में मचा कोहराम

हिमाचल प्रदेश के सिरमौर जिले में शुक्रवार दोपहर एक भीषण सड़क हादसे ने पूरे प्रदेश को झकझोर कर रख दिया। हरिपुरधार के समीप करीब 2:40 बजे शिमला से कुपवी जा रही एक निजी बस अनियंत्रित होकर लगभग 100 मीटर गहरी खाई में जा गिरी। इस दर्दनाक दुर्घटना में बस चालक सहित 14 लोगों की जान चली गई, जबकि 52 यात्री घायल हो गए। हादसे का शिकार हुई बस (नंबर HP-64-6667) 37 सीटों की क्षमता वाली थी, लेकिन उसमें 66 यात्री सवार थे। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, सड़क पर जमी बर्फ (पाला) के कारण बस फिसल गई और चालक वाहन पर नियंत्रण नहीं रख सका। गिरते ही बस के परखच्चे उड़ गए, छत और टायर अलग हो गए और बस उलटी अवस्था में जा गिरी।
स्थानीय लोगों ने दिखाई इंसानियत, हाथों से उठाई बस की बॉडी
धमाके की आवाज सुनते ही आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे। हालात बेहद भयावह थे—चारों ओर घायल यात्रियों की चीख-पुकार गूंज रही थी। ग्रामीणों ने बिना किसी उपकरण के बस की बॉडी को हाथों से उठाकर घायलों को बाहर निकाला। कई लोग चार-चार की टीम बनाकर घायलों को सड़क तक लाए, जबकि कुछ ने अकेले ही घायलों को पीठ पर उठाकर मदद पहुंचाई।

अलग-अलग अस्पतालों में चल रहा इलाज
घायलों को विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कराया गया है:
- 17 घायल मेडिकल कॉलेज नाहन
- 18 घायल राजगढ़
- 15 घायल सोलन
- 1-1 घायल पीजीआई चंडीगढ़ और आईजीएमसी शिमला रेफर
सरकार ने सभी अस्पतालों को अलर्ट पर रखा है और गंभीर घायलों के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं।
हादसे की जांच के आदेश, फिटनेस पर उठे सवाल
बताया जा रहा है कि यह बस वर्ष 2008 में खरीदी गई थी और इसकी फिटनेस अगले महीने समाप्त होने वाली थी, जबकि परमिट वर्ष 2028 तक वैध था। सरकार ने दुर्घटना के कारणों की उच्चस्तरीय जांच के आदेश दे दिए हैं। ओवरलोडिंग और मौसम की स्थिति को हादसे की बड़ी वजह माना जा रहा है।
हादसे में जान गंवाने वाले
इस दुर्घटना में सिरमौर और शिमला जिलों के कुल 14 लोगों की मौत हुई है, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। मृतकों में एक अज्ञात महिला भी शामिल है।
नेताओं और प्रधानमंत्री ने जताया शोक
घटना के बाद मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू, उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री, उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान, नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर और कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष विनय कुमार ने गहरा दुख व्यक्त किया। सभी ने मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना जताई और घायलों के बेहतर इलाज के निर्देश दिए।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी हादसे पर शोक प्रकट करते हुए घोषणा की कि:
- प्रत्येक मृतक के परिजनों को 2 लाख रुपये
- प्रत्येक घायल को 50 हजार रुपये
प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (PMNRF) से प्रदान किए जाएंगे।
प्रदेश में शोक की लहर
इस हादसे के बाद पूरे सिरमौर क्षेत्र में शोक का माहौल है। प्रशासन, पुलिस और राहत एजेंसियां मौके पर तैनात हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि यह हादसा प्राकृतिक कारणों से हुआ या मानवीय लापरवाही इसकी मुख्य वजह रही।


