उरई में कोचिंग कर रही 22 वर्षीय छात्रा के साथ दुष्कर्म का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पढ़ाई में मदद का झांसा देकर एक युवक उसे एट थाना क्षेत्र के अकोढ़ी गांव ले गया, जहां शीतल पेय में नशीला पदार्थ पिलाकर अपने चचेरे भाई के साथ मिलकर दुष्कर्म किया। घटना के बाद आरोपी युवती को अचेत अवस्था में राठ रोड स्थित बस स्टैंड पर छोड़कर फरार हो गया। छात्रा के पिता की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।

कोचिंग के दौरान हुई थी पहचान
पीड़िता कोंच कोतवाली क्षेत्र के एक मोहल्ले की रहने वाली है और उरई में रहकर कोचिंग कर रही थी। 3 जनवरी को कोचिंग में पहले से परिचित सिद्धार्थ पटेल ने उसे पढ़ाई में सहयोग करने का भरोसा दिलाया और बाइक से अपने साथ अकोढ़ी गांव ले गया।
नशीला पेय पिलाकर किया दुष्कर्म
गांव पहुंचने के बाद सिद्धार्थ ने छात्रा को शीतल पेय में नशीला पदार्थ पिला दिया, जिससे वह बेहोश हो गई। इसके बाद सिद्धार्थ और उसके चचेरे भाई ऋषि पटेल ने उसके साथ दुष्कर्म किया। वारदात के बाद सिद्धार्थ युवती को शहर के बस स्टैंड पर छोड़ने ले गया।
लोगों ने पकड़ा तो बनाया झूठा बहाना
बस स्टैंड पर अचेत युवती को देखकर लोगों को शक हुआ और उन्होंने सिद्धार्थ को पकड़ लिया। पूछताछ में उसने दावा किया कि युवती उसे झांसी रोड पर बेहोशी की हालत में मिली थी और वह सिर्फ मदद कर रहा था। इसी दौरान परिजन मौके पर पहुंचे और युवक का वीडियो बना लिया।
होश आने पर पीड़िता ने खोली सच्चाई
करीब 20 घंटे बाद जब छात्रा को होश आया तो उसने परिजनों को पूरी घटना बताई। वीडियो देखने के बाद वह फूट-फूट कर रो पड़ी और आरोपियों की पहचान की।
गांव की महिला का बड़ा खुलासा
घटनास्थल पर पहुंची पुलिस और परिजनों को गांव की एक महिला ने बताया कि छात्रा को चार घंटे तक कमरे में बंद कर यातनाएं दी गईं। उसकी चीख-पुकार के बावजूद आरोपियों ने कोई रहम नहीं दिखाया।
मेडिकल और गिरफ्तारी
पीड़िता के पिता की शिकायत पर एट थाना पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर दोनों आरोपियों को गांव के पास से गिरफ्तार कर लिया। पीड़िता और आरोपियों का मेडिकल परीक्षण कराया गया है। सीओ कोंच परमेश्वर प्रसाद ने बताया कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है।


