12 C
Agra
Homeउद्योग जगतहिमंत विश्व शर्मा की चेतावनी: मजदूरों को जमीन नहीं दी तो चाय...

हिमंत विश्व शर्मा की चेतावनी: मजदूरों को जमीन नहीं दी तो चाय बागानों की सरकारी सहायता होगी बंद

असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने चाय बागान मालिकों को सख्त संदेश देते हुए कहा है कि यदि वे मजदूरों को जमीन का मालिकाना हक देने में सहयोग नहीं करते, तो सरकार उनकी आर्थिक मदद पर पुनर्विचार कर सकती है।

गुरुवार को ‘नतुन दिनेर आलाप’ कार्यक्रम के दौरान मीडिया से बातचीत में मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार ने नवंबर में हुए विधानसभा के शीतकालीन सत्र में चाय बागान श्रमिकों को आवास और भूमि अधिकार देने से जुड़ा कानून पारित किया था। हालांकि, उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि इस कानून को लेकर बागान मालिकों का रुख उत्साहजनक नहीं रहा है। शर्मा ने कहा कि सरकार हर साल चाय बागानों को लगभग 150 करोड़ रुपये की सहायता देती है, लेकिन यदि मालिक इस प्रक्रिया में कानूनी अड़चनें पैदा करते हैं या अदालत का सहारा लेते हैं, तो इस सहायता को वापस लेने पर विचार किया जाएगा।

मुख्यमंत्री का कहना था कि चाय उद्योग के दो सौ साल पूरे हो चुके हैं और अब यह श्रमिकों का वैध अधिकार है कि वे जिस जमीन पर पीढ़ियों से रह रहे और काम कर रहे हैं, उसके पूर्ण मालिक बनें। उन्होंने दावा किया कि भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और मजदूरों को उनका अधिकार अवश्य मिलेगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि ‘असम फिक्सेशन ऑफ सीलिंग ऑफ लैंड होल्डिंग्स (संशोधन) अधिनियम, 2025’ का मकसद ऐतिहासिक अन्याय को दूर करना है और उन मजदूरों को जमीन देना है जो बीते दो सौ वर्षों से चाय बागानों में काम कर रहे हैं।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments