रोहतक से शव बनकर लौटा गौना गांव का चालक, तीन दोस्तों पर केस दर्ज
गौना गांव निवासी गाड़ी चालक शिवशंकर (45) की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। वह बुधवार दोपहर दोस्तों के साथ हरियाणा के रोहतक जिले के खरखड़ा गांव गया था। बृहस्पतिवार तड़के उसके साथी उसे मृत अवस्था में घर छोड़कर फरार हो गए। घटना से आक्रोशित परिजनों ने हत्या का आरोप लगाते हुए हंगामा किया, जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई शुरू की। मृतक के पिता रामकुमार के अनुसार शिवशंकर गाजियाबाद के एक निजी स्कूल में गाड़ी चलाता था। बुधवार को गांव के ही विकास, ईश्वर और लीलू ने उसे खरखड़ा गांव चलने के लिए बुलाया था, जहां लीलू की बेटी की ससुराल है। भतीजा यश शिवशंकर को बाइक से बड़ागांव टोल तक छोड़कर आया था।
परिजनों का आरोप है कि बृहस्पतिवार सुबह करीब साढ़े तीन बजे तीनों साथी कार से शिवशंकर को घर लेकर पहुंचे और शराब के नशे में होने की बात कहकर शव छोड़कर चले गए। हालत गंभीर देख परिवार उसे गाजियाबाद के चिरौड़ी स्थित एक निजी चिकित्सक के पास ले गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। परिजनों का कहना है कि शिवशंकर की मौत घर पहुंचने से पहले ही हो चुकी थी।
परिवार ने शव पर चेहरे और गले में चोट के निशान होने का दावा किया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हेमरेज से मौत की पुष्टि हुई है। शिवशंकर की पत्नी निशा ने बताया कि बुधवार देर शाम पति का फोन आया था, जिसमें उसने दोस्तों द्वारा मारपीट किए जाने की बात कही थी। पुलिस ने पिता की शिकायत पर विकास, ईश्वर और लीलू के खिलाफ गैर इरादतन हत्या की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर तीनों को हिरासत में ले लिया है। जांच अधिकारी अतर सिंह के अनुसार मामले की गहन जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी। एसपी सूरज कुमार राय ने भी जांच जारी होने की पुष्टि की है।


