प्रदेश में सर्दी और घने कोहरे ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। शुक्रवार को लगभग पूरा प्रदेश कोहरे की मोटी चादर में लिपटा रहा। मौसम विभाग ने शनिवार के लिए 50 जिलों में अत्यधिक घने कोहरे का रेड अलर्ट जारी किया है, जबकि तराई और पूर्वी यूपी के करीब 40 जिलों में भीषण शीतदिवस की चेतावनी दी गई है। इसका मतलब है कि इन इलाकों में दिन के तापमान में तेज गिरावट देखने को मिल सकती है।

रविवार से मिल सकती है थोड़ी राहत
आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र लखनऊ के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह के मुताबिक, रविवार से प्रदेश में लगातार दो पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होंगे। इनके असर से दिन के तापमान में करीब 2 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी होने की संभावना है और कोहरे की तीव्रता में भी कुछ कमी आ सकती है।
दृश्यता शून्य तक पहुंची
शुक्रवार को वाराणसी, प्रयागराज, कानपुर सहित कई जिलों में घने कोहरे के साथ सर्द पछुआ हवाएं चलीं। आगरा, बरेली, कुशीनगर और गोरखपुर में सुबह के समय दृश्यता शून्य तक दर्ज की गई। वहीं बहराइच में दृश्यता मात्र 20 मीटर और अलीगढ़ व फर्रुखाबाद में 30 मीटर रही, जिससे सड़क और रेल यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ।
12.52 करोड़ मोबाइल पर भेजा गया अलर्ट
भीषण ठंड और कोहरे को देखते हुए राज्य सरकार ने सतर्कता बढ़ा दी है। राहत आयुक्त डॉ. हृषिकेश भास्कर के निर्देश पर सचेत ऐप के जरिए 12.52 करोड़ मोबाइल उपभोक्ताओं को मौसम चेतावनी संदेश भेजे गए हैं। मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों के लिए बुलेटिन जारी कर रेड अलर्ट और शीतदिवस की चेतावनी को बरकरार रखा है।
सबसे ठंडी रात और ठंडा दिन
प्रदेश में शुक्रवार को सबसे ठंडी रात बुलंदशहर में दर्ज की गई, जहां न्यूनतम तापमान 7.2 डिग्री सेल्सियस रहा। वहीं बहराइच में दिन का तापमान 13.4 डिग्री सेल्सियस रहा, जो प्रदेश में सबसे ठंडा दिन साबित हुआ। लखनऊ, कानपुर, गोरखपुर, वाराणसी, बरेली और मुरादाबाद समेत कई जिलों में शीतदिवस जैसी परिस्थितियां बनी रहीं। कुल मिलाकर, फिलहाल यूपी में ठंड और कोहरे से राहत की उम्मीद कम है। मौसम विभाग की सलाह है कि लोग सतर्क रहें, अनावश्यक यात्रा से बचें और प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें।


