बीकानेर से रिश्तों को कलंकित कर देने वाली एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। पहली नजर में जो मामला सड़क हादसा और लूटपाट का लग रहा था, वह दरअसल एक सोची-समझी हत्या की साजिश निकला।
30 जनवरी की रात रावला थाना क्षेत्र के गांव 01 KLM के पास सड़क किनारे 27 वर्षीय निजी स्कूल शिक्षक आशीष कुमार का शव मिला, जबकि उनकी पत्नी अंजलि गंभीर रूप से घायल अवस्था में पाई गई। अंजलि ने पुलिस को बताया कि वह और उसका पति डिनर के बाद टहलने निकले थे, तभी किसी अज्ञात वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी और बदमाश लूटपाट कर फरार हो गए। हालांकि पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने इस कहानी को पूरी तरह पलट दिया। रिपोर्ट में स्पष्ट हुआ कि आशीष की मौत सड़क दुर्घटना से नहीं, बल्कि डंडों से बुरी तरह पीटे जाने और गला घोंटने से हुई थी। इसके बाद पुलिस का शक अंजलि पर गहराने लगा।
कड़ी पूछताछ में अंजलि टूट गई और उसने पूरी साजिश का खुलासा कर दिया। पुलिस के अनुसार, अंजलि शादी से खुश नहीं थी और कुछ ही दिनों बाद मायके चली गई थी। वहीं उसका संपर्क अपने पुराने प्रेमी संजय उर्फ संजू से फिर से हो गया। दोनों ने मिलकर आशीष की हत्या की योजना बनाई। योजना के मुताबिक, अंजलि ने 30 जनवरी की रात अपने पति को बहाने से सुनसान सड़क पर ले गई। वहां पहले से घात लगाए बैठे संजय और उसके दो साथी रोहित उर्फ रॉकी और बादल उर्फ सिद्धार्थ ने आशीष पर हमला कर दिया। मौके पर ही उसकी हत्या कर दी गई।
हत्या को लूट का रूप देने के लिए अंजलि ने खुद ही पति का मोबाइल फोन और जेवर आरोपियों को सौंप दिए और बाद में बेहोश होने का नाटक किया। लगातार पूछताछ और पुख्ता सबूतों के आधार पर पुलिस ने 3 फरवरी को अंजलि समेत चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। बताया जा रहा है कि आशीष ने महज तीन दिन पहले ही एक निजी स्कूल में शिक्षक की नौकरी जॉइन की थी और अपने परिवार के साथ रहने लगा था।


