9.9 C
Agra
Homeदेशदिल्ली मेट्रो को बड़ा विस्तार: चरण–5ए को कैबिनेट की मंजूरी, 12,015 करोड़...

दिल्ली मेट्रो को बड़ा विस्तार: चरण–5ए को कैबिनेट की मंजूरी, 12,015 करोड़ की परियोजना

दिल्ली मेट्रो नेटवर्क होगा 400 किमी पार, कैबिनेट ने दी मंजूरी

केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बुधवार, 24 दिसंबर को जानकारी दी कि केंद्र सरकार ने दिल्ली मेट्रो के चरण–5ए के विस्तार को हरी झंडी दे दी है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना पर 12,015 करोड़ रुपये की लागत आएगी। इसका मुख्य उद्देश्य दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में सार्वजनिक परिवहन को मजबूत करना, यात्रा को आसान बनाना और सड़क यातायात के दबाव को कम करना है। इस चरण के तहत 16 किलोमीटर लंबी नई मेट्रो लाइन विकसित की जाएगी, जिसमें कुल 13 नए स्टेशन होंगे। इनमें 10 स्टेशन भूमिगत जबकि 3 स्टेशन एलिवेटेड होंगे। परियोजना पूरी होने के बाद दिल्ली मेट्रो नेटवर्क की कुल लंबाई 400 किलोमीटर से अधिक हो जाएगी।

किन-किन मार्गों पर होगा विस्तार

चरण–5ए के अंतर्गत मेट्रो का विस्तार तीन प्रमुख खंडों में किया जाएगा—

  • रामकृष्ण आश्रम मार्ग से इंद्रप्रस्थ
  • एयरोसिटी से आईजीडी एयरपोर्ट टर्मिनल–1
  • तुगलकाबाद से कालिंदी कुंज

इन तीनों खंडों को मिलाकर कुल लंबाई 16.076 किलोमीटर होगी।

तीन नए कॉरिडोर

इस परियोजना के तहत तीन नए मेट्रो कॉरिडोर विकसित किए जा रहे हैं:

  1. आर.के. आश्रम मार्ग – इंद्रप्रस्थ (9.913 किमी)
  2. एयरोसिटी – आईजीडी एयरपोर्ट टर्मिनल–1 (2.263 किमी)
  3. तुगलकाबाद – कालिंदी कुंज (3.9 किमी)

आर.के. आश्रम मार्ग से इंद्रप्रस्थ तक का हिस्सा बॉटनिकल गार्डन–आर.के. आश्रम मार्ग कॉरिडोर का विस्तार होगा, जिससे सेंट्रल विस्टा क्षेत्र को सीधी मेट्रो कनेक्टिविटी मिलेगी, जहां इस समय बड़े पैमाने पर पुनर्विकास कार्य चल रहा है। वहीं एयरोसिटी–टर्मिनल 1 और तुगलकाबाद–कालिंदी कुंज खंड एयरोसिटी–तुगलकाबाद कॉरिडोर का हिस्सा होंगे। इससे दक्षिण दिल्ली के इलाकों जैसे तुगलकाबाद, साकेत और कालिंदी कुंज से एयरपोर्ट तक पहुंच और आसान हो जाएगी।

तीन साल में पूरा होगा काम

मंत्रिमंडल के फैसलों की जानकारी देते हुए मंत्री ने बताया कि इस परियोजना को तीन वर्षों में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने कहा कि अधिकांश निर्माण कार्य टनल बोरिंग मशीन (TBM) के माध्यम से भूमिगत किया जाएगा, ताकि शहर में यातायात पर न्यूनतम असर पड़े। कुल मिलाकर, दिल्ली मेट्रो का यह नया चरण राजधानी की परिवहन व्यवस्था को और आधुनिक, तेज़ और सुविधाजनक बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments