अपने बयानों और सोशल मीडिया पोस्ट्स को लेकर अक्सर सुर्खियों में रहने वाले कमाल आर खान इस बार किसी ट्वीट या बयान की वजह से नहीं, बल्कि फायरिंग केस को लेकर चर्चा में हैं। मुंबई के ओशिवारा इलाके में हुई फायरिंग की जांच के सिलसिले में पुलिस ने उन्हें हिरासत में लिया है।
कोर्ट में पेशी, 27 जनवरी तक पुलिस रिमांड
पुलिस ने कमाल आर खान को बांद्रा कोर्ट में पेश किया, जहां अदालत ने आगे की जांच के लिए उन्हें 27 जनवरी तक पुलिस हिरासत में भेज दिया।
कोर्ट से निकलते वक्त का वीडियो हुआ वायरल
कोर्ट परिसर से बाहर निकलते समय का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रहा है। वीडियो में देखा जा सकता है कि कमाल आर खान के चेहरे पर काला कपड़ा ढका हुआ है और दो पुलिसकर्मी उन्हें पकड़कर सुरक्षा घेरे में वैन तक ले जाते नजर आ रहे हैं।
कोर्ट में क्या बोले कमाल आर खान?
सुनवाई के दौरान कमाल आर खान ने खुद को निर्दोष बताते हुए कहा कि उनका फायरिंग से कोई संबंध नहीं है। उन्होंने दावा किया कि वह आरोपी व्यक्ति को नहीं जानते और न ही उनका किसी पर गोली चलाने का इरादा था।
कमाल का कहना था कि सोशल मीडिया पर उनके कमेंट्स की वजह से फिल्म इंडस्ट्री उन्हें निशाना बना रही है। उन्होंने यह भी कहा कि उनके पास वैध हथियार लाइसेंस है, वह एक स्थापित बिजनेसमैन हैं और पिछले 30–35 सालों से मुंबई में रह रहे हैं, इसलिए उनके फरार होने का कोई सवाल नहीं उठता।
वकील की दलील
कमाल आर खान के वकील ने अदालत में पुलिस की थ्योरी पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जिस नालंदा बिल्डिंग में फायरिंग हुई और कमाल के बंगले के बीच करीब 400 मीटर की दूरी है। वकील के मुताबिक, पुलिस द्वारा जब्त की गई पिस्तौल लाइसेंसी है और उसकी मारक क्षमता 20 मीटर से ज्यादा नहीं है, ऐसे में उस जगह से फायरिंग संभव नहीं है। उन्होंने साफ कहा कि इस घटना से कमाल आर खान का कोई लेना-देना नहीं है।
पूरा मामला क्या है?
मुंबई पुलिस के अनुसार, 18 जनवरी को अंधेरी वेस्ट के ओशिवारा इलाके में दो राउंड फायरिंग हुई थी, जिसमें कोई घायल नहीं हुआ। इस मामले की जांच के बाद 24 जनवरी 2026 को पुलिस ने कमाल आर खान को हिरासत में लिया। पुलिस को शक है कि गोलियां उनके पास मौजूद एक बंगले से चलाई गई थीं। पूछताछ के दौरान कथित तौर पर यह सामने आया कि लाइसेंसी हथियार से गोलियां तब चलीं, जब उसे टेस्ट किया जा रहा था।


