कोहरे और खराब मौसम से हवाई व रेल सेवाएं प्रभावित, सैकड़ों उड़ानें लेट

उत्तर भारत इन दिनों कड़ाके की ठंड और खराब मौसम की दोहरी मार झेल रहा है। पहाड़ी इलाकों से लेकर मैदानी क्षेत्रों तक तापमान में तेज गिरावट दर्ज की गई है। रविवार को कश्मीर और लेह में जोरदार बर्फबारी हुई, जबकि दिल्ली-एनसीआर समेत उत्तर भारत के बड़े हिस्से घने कोहरे और शीतलहर की चपेट में रहे। पश्चिमी विक्षोभ के असर से मौसम ने अचानक करवट ली है। मैदानी इलाकों में दिनभर धूप नहीं निकल सकी और ठंड का असर और बढ़ गया। राजधानी दिल्ली में हवा बेहद खराब स्थिति में पहुंच गई, जहां वायु गुणवत्ता सूचकांक 386 दर्ज किया गया, जो ‘बहुत खराब’ श्रेणी में आता है।
यातायात पर पड़ा असर
घने कोहरे के कारण हवाई, रेल और सड़क यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ। इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डा पर दृश्यता कम होने से करीब 110 उड़ानें रद्द करनी पड़ीं, जबकि 450 से अधिक उड़ानें देरी से संचालित हुईं। श्रीनगर हवाईअड्डे से 11 उड़ानें रद्द रहीं और अयोध्या में भी दो उड़ानों को निरस्त किया गया।
रेल सेवाएं भी प्रभावित रहीं—दिल्ली आने वाली 70 से ज्यादा ट्रेनें दो से चार घंटे की देरी से पहुंचीं। राजधानी, शताब्दी, वंदे भारत और तेजस जैसी प्रमुख ट्रेनें भी इससे अछूती नहीं रहीं।
यूपी-हरियाणा में ठंड का कहर
मौसम विभाग ने उत्तर प्रदेश में भीषण ठंड को देखते हुए रेड अलर्ट जारी किया है। अगले एक सप्ताह तक घने कोहरे और शीतलहर की चेतावनी दी गई है। प्रदेश में बुलंदशहर सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 7 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। हरियाणा में नारनौल का न्यूनतम तापमान 5.2 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया।
कश्मीर में ‘चिल्ले कलां’ की शुरुआत
कश्मीर घाटी में सर्दियों के सबसे कठोर 40 दिन के दौर ‘चिल्ले कलां’ की शुरुआत हो चुकी है। गुलमर्ग में करीब छह इंच ताजा बर्फबारी दर्ज की गई, जबकि निचले इलाकों में बारिश हुई। हिमाचल प्रदेश के रोहतांग और शिंकुला दर्रों में भी बर्फबारी से ठंड और बढ़ गई है।


